मुजफ्फरनगर में डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन, योगी सरकार को घेरा
मुजफ्फरनगर। जनपद लखीमपुर खीरी में एससी वर्ग की दो सगी बहनों की गैंगरेप के बाद हत्या के मामले को लेकर शुक्रवार को राष्ट्रीय लोकदल ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। पार्टी के नेताओं ने आरोप लगाये कि प्रदेश में भाजपा सरकार में अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों का उत्पीड़न बढ़ रहा है। इसके साथ ही आदिवासी समाज के लोगों का भी अत्याचार हो रहा है। इसको लेकर रालोद नेताओं ने एक ज्ञापन भी सौंपा। राष्ट्रीय लोकदल एससी एसटी प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष रमेश चन्द काकडा के नेतृत्व में शुक्रवार को रालोद नेताओं ने जिला मुख्यालय पर पहुंचकर प्रदेश में अनुसूचित जाति और आदिवासी जाति के लोगों का उत्पीड़न होने के आरोप लगाते हुए लखीमपुर खीरी में दो सगी बहनों की हत्या करने के मामले पर रोष जताया। इस दौरान राष्ट्रपति के नाम सम्बोधित ज्ञापन एडीएम वित्त अरविंद कुमार को सौंपा। रालोद नेताओं ने ज्ञापन में कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था विफल साबित हो रही है। हत्या, बलात्कार, लूट जैसी गंभीर घटनाओं के साथ ही महिला संबंधी अपराध भी बढ़े हैं। आज प्रदेश में एससी और एसटी वर्ग के परिवार तथा लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। जनपद लखीमपुर खीरी में हुई घटना को उठाते हुए रालोद नेताओं ने कहा कि दो सगी बहनों के साथ सामूहिक बलात्कार करके उनकी हत्या कर दी गयी और शवों को पेड़ से लटका दिया गया। इस घटना से पीड़ित परिवार दहशत में है और दुखी है। रालोद ने पीड़ित परिवार को शहरी क्षेत्र में आवास उपलब्ध कराने, पीड़ित परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने और एक सदस्य को सरकारी नौकरी दिलाने की मांग की है। इस दौरान मुख्य रूप से रालोद विधायक अनिल कुमार, पूर्व मंत्री धर्मवीर बालियान, जिलाध्यक्ष प्रभात तोमर, रमेश चन्द काकडा, राजू वाल्मीकि, रामछैल सिंह राठी, युधिष्ठिर पहलवान, सुक्का, ओमकार बालियान, देवीदास, पूरण सिंह प्रधान व समुद्र आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।














