सरकारी स्कूलों में मची आजादी के अमृत महोत्सव की धूम, शैक्षिक महासंघ ने किया था आह्वान

मुजफ्फरनगर में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के बैनर तले सैंकड़ों विद्यालयों में आजादी का अमृत महोत्सव धूमधाम से मनाया गया। जिसके अंतर्गत शिक्षको ने कार्यक्रम का आयोजन कर बच्चो को आजादी कैसे मिली। महापुरुषो का आजादी में कितना बड़ा योगदान रहा। यह सब विस्तार से समझाया।
बता दे की अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने 1 अगस्त को देश के 1लाख से अधिक विद्यालयों 10 हजार से अधिक महाविद्यालयों तथा 1 हजार से अधिक विश्वविद्यालयों में आजादी का 75 वाँ अमृत महोत्सव मनाने का ऐलान किया था। अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिलाध्यक्ष अरविंद मलिक के नेतृत्व में महासंघ ने ब्लॉक स्तर पर अपनी टीमों को इसकी जिम्मेदारी सौंपी। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल ने भी अभी खंड शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी किया था। जिसके बाद आज
जनपद मुजफ्फरनगर के विद्यालयों में आजादी का 75 वां अमृत महोत्सव धूमधाम से मनाया गया।
राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिला संरक्षक तथा कार्यक्रम के संयोजक रविन्द्र सिंह सीमली ने बताया कि जनपद के सभी विद्यालयों में यह कार्यक्रम धूमधाम से मनाया गया है। भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण किया गया तथा स्थानीय जनप्रतिनिधि,समाज के बुद्धिजीवी वर्ग सामान्य नागरिक अभिभावकों आदि की उपस्थिति में आजादी की लड़ाई में योगदान देने वाले महापुरुषों वीरांगनाओं तथा आजादी की प्राप्ति के संघर्षों के संबंध में विस्तार से चर्चा की गई है ।
कार्यक्रम की सह संयोजिका श्रीमती मंजू रानी ने बताया की कार्यक्रम के आयोजन हेतु राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की 18 सदस्यो वाली जनपद स्तरीय समिति तथा सभी 10 विकास क्षेत्रों में नियुक्त कार्यक्रम आयोजन समितियों ने विशेष अभियान चलाकर कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक आयोजन होना सुनिश्चित किया है। विकास क्षेत्र चरथावल में कैलाश, विकास क्षेत्र बघरा में पुष्पेंद्र कुमार,विकास क्षेत्र पुरकाजी में अमित कुमार, विकास क्षेत्र सदर में संजय शर्मा,विकास क्षेत्र जानसठ में अजय तोमर, विकास क्षेत्र मोरना में जयदीप,विकास क्षेत्र खतौली में श्रीमती नीतू चौधरी,विकास क्षेत्र शाहपुर में सुभाष मलिक तथा विकास क्षेत्र बुढाना में सुरेंद्र पाल तोमर व नगर क्षेत्र में दिलशाद अहमद ने जिम्मेदारी संभाली।