कभी स्टेशन पर दिखते थे लाल कपड़ो वाले कुली, अब मार्केट में दिखेंगे ‘CarryMen’

NEW DELHI..

एक समय था जब रेलवे स्टेशन पर भारी सामान उठाने के लिए कुली दिखाई देते थे। यात्रियों के बड़े-बड़े बैग, ट्रंक और गठरियां वही संभालते थे। अब बदलती लाइफस्टाइल के बीच उसी तरह की सुविधा बाजारों तक पहुंच गई है।
दिल्ली में शुरू हुई CarryMen सेवा को कई लोग “मॉडर्न कुली सिस्टम” भी कह रहे हैं। फर्क सिर्फ इतना है कि पहले जरूरत सफर की थी, अब जरूरत सुविधा और समय बचाने की बताई जा रही है।
बड़ी मार्केटों में घंटों शॉपिंग, भारी बैग और भीड़भाड़ से परेशान ग्राहक अब पैसे देकर ऐसे लोगों की मदद ले सकेंगे, जो उनके साथ चलेंगे और छोटे-छोटे काम संभालेंगे।
विशेषज्ञ मानते हैं कि महानगरों में तेजी से बढ़ रही “कन्वीनियंस इकॉनमी” की यह नई तस्वीर है। ऑनलाइन डिलीवरी, पर्सनल असिस्टेंट और ऑन-डिमांड सेवाओं के बाद अब शॉपिंग असिस्टेंट का ट्रेंड भी बाजार में उतर आया है।
हालांकि इस सुविधा ने एक नई बहस भी छेड़ दी है—क्या यह रोजगार का नया जरिया है या फिर लोगों की बढ़ती आरामपसंद जिंदगी की निशानी?

लाजपतनगर से शुरू हुई सेवा…


दिल्ली की व्यस्त बाजारों में शुमार Lajpat Nagar Market में अब शॉपिंग का तरीका बदलता नजर आ रहा है। यहां ग्राहकों के लिए “CarryMen” नाम की नई सुविधा शुरू की गई है। इस सेवा के तहत लोग घंटों के हिसाब से ऐसे सहायकों को किराये पर ले सकते हैं, जो शॉपिंग के दौरान उनका सामान उठाने से लेकर छोटी-छोटी जरूरतों में मदद करेंगे।
जानकारी के अनुसार CarryMen को 110 रुपये प्रति घंटे के हिसाब से बुक किया जा सकता है। दो घंटे के लिए यह शुल्क करीब 219 रुपये और तीन घंटे के लिए लगभग 319 रुपये बताया जा रहा है।
ये CarryMen ग्राहकों के लिए कई तरह के काम करेंगे। इनमें शॉपिंग बैग उठाना, खाने की दुकानों पर लाइन में लगना, सामान को मेट्रो स्टेशन तक पहुंचाना और भीड़भाड़ वाली दुकानों में बैठने की जगह तलाशना शामिल है।
दिल्ली की बड़ी मार्केटों में खासतौर पर वीकेंड के दौरान भारी भीड़ रहती है। लंबे समय तक पैदल चलने और सामान उठाने में होने वाली परेशानी को देखते हुए इस सेवा को शुरू किया गया है। इसे सुविधा आधारित शॉपिंग अनुभव के तौर पर पेश किया जा रहा है।
हालांकि सोशल मीडिया पर इसको लेकर बहस भी छिड़ गई है। कुछ लोग इसे रोजगार का नया अवसर बता रहे हैं तो कुछ का कहना है कि बढ़ती सुविधाएं लोगों को जरूरत से ज्यादा आरामतलब बना रही हैं। कई यूजर्स ने टिप्पणी की कि अब लोग शॉपिंग बैग उठाने के लिए भी दूसरे इंसान की मदद लेने लगे हैं।

शॉपिंग के दौरान मिलेगा पर्सनल हेल्पर…


कंपनी के मुताबिक ये हेल्पर ग्राहकों के शॉपिंग बैग उठाने के साथ-साथ दुकानों और फूड स्टॉल्स पर लाइन संभालेंगे, मार्केट में रास्ता बताने में मदद करेंगे और जरूरत पड़ने पर पानी व मोबाइल चार्जिंग जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराएंगे।
बढ़ती भीड़ और लंबी शॉपिंग के बीच इस सेवा को “सुविधा आधारित शॉपिंग अनुभव” के रूप में पेश किया जा रहा है। खासतौर पर बुजुर्गों, परिवारों और ज्यादा सामान खरीदने वाले ग्राहकों को ध्यान में रखकर इसे शुरू किया गया है।
हालांकि सोशल मीडिया पर इसको लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे रोजगार और आधुनिक सुविधा का नया मॉडल बता रहे हैं, जबकि कुछ का कहना है कि अब शहरी जीवनशैली इतनी आरामतलब होती जा रही है कि लोग बैग उठाने के लिए भी हेल्पर किराये पर लेने लगे हैं।

A Delhi-based startup has introduced a shopping assistance service aimed at reducing the physical strain associated with crowded local markets, offering customers help with carrying bags and navigating busy retail areas.

The service, called CarryMen, operates on a simple model where trained assistants accompany shoppers through markets, helping them carry purchases, manage queues, and assist with logistics during shopping trips.

The idea for the startup emerged from the founders’ personal experiences of visiting busy Delhi markets such as Lajpat Nagar, Sarojini Nagar and Chandni Chowk, where shopping often involves long walks, heavy bags and crowded conditions. The founders, who grew up in Delhi, identified that while shopping remains a popular activity, the physical effort involved can detract from the overall experience.

As per an India Today report, spokesperson for the startup stated that while people enjoy shopping, they often dislike the physical stress of carrying multiple bags while navigating crowded spaces and managing food or other activities simultaneously, adding that the aim was to make the experience more comfortable and enjoyable.

CarryMen charges Rs 149 per hour, with customers able to choose between two, three or four-hour packages. The assigned assistant accompanies the shopper throughout the visit, carrying bags, helping locate shops, waiting in food queues, assisting until parking areas or metro gates, and identifying places where customers can sit and rest