चेयरमैन जहीर फारुकी ने शिव भक्तो के लिए मांगी 24×7 निर्बाध बिजली आपूर्ति


मुजफ्फरनगर। कावड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से पुरकाजी नगर पंचायत चेयरमैन एवं भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय सचिव जहीर फारूकी एक बार फिर सक्रिय नजर आए। कावड़ मार्ग पर लगातार हो रही बिजली कटौती से श्रद्धालुओं और सेवा शिविरों को हो रही परेशानी को देखते हुए उन्होंने सिटी मजिस्ट्रेट पंकज प्रकाश राठौर और मुख्य अभियंता विद्युत विनोद कुमार गुप्ता को ज्ञापन सौंपकर 11 अगस्त तक कावड़ मार्ग पर 24 घंटे निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की।

ज्ञापन में जहीर फारूकी ने कहा कि यूपी–उत्तराखंड बॉर्डर से लेकर भूराहेड़ी, पुरकाजी, फलौदा, बरला, छपार और मुजफ्फरनगर तक कावड़ मार्ग पर हजारों शिवभक्त प्रतिदिन गुजर रहे हैं। इस पूरे मार्ग पर विभिन्न सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों द्वारा भंडारे एवं सेवा शिविर लगाए गए हैं, जहां श्रद्धालुओं को भोजन, पेयजल, विश्राम, चिकित्सा और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।

उन्होंने अधिकारियों को बताया कि पुरकाजी क्षेत्र में चार घंटे की निर्धारित रोस्टिंग के अलावा कई बार अतिरिक्त बिजली कटौती भी हो रही है। इससे भंडारों और सेवा शिविरों की व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं। मजबूरी में जनरेटर चलाने पड़ रहे हैं, जिससे डीजल पर अतिरिक्त खर्च होने के साथ-साथ पर्यावरण प्रदूषण भी बढ़ रहा है।
जहीर फारूकी ने कहा कि कावड़ यात्रा केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि जनसेवा का भी बड़ा अवसर है। प्रशासन और विद्युत विभाग का दायित्व है कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने मांग की कि 11 अगस्त तक पूरे कावड़ मार्ग पर 24 घंटे निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए तथा किसी भी फॉल्ट की स्थिति में तत्काल समाधान के लिए अनुभवी लाइनमैनों की अतिरिक्त तैनाती की जाए।


जनसेवा की मिसाल बन रहे हैं जहीर फारूकी…

कावड़ यात्रा के दौरान जहीर फारूकी लगातार जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रशासन के समक्ष उठा रहे हैं। इससे पहले भी उन्होंने कावड़ सेवा शिविरों के संचालन के लिए समाज के लोगों को जोड़ते हुए सहयोग राशि एकत्र कराई थी। उनकी पहल पर कुछ ही मिनटों में लाखों रुपये का सहयोग जुटा, जिससे विभिन्न भंडारों और सेवा शिविरों की व्यवस्थाएं मजबूत हुईं। हिंदू-मुस्लिम भाईचारे और सामाजिक सौहार्द का संदेश देते हुए उनकी इस पहल की क्षेत्रभर में सराहना हुई।
अब बिजली आपूर्ति का मुद्दा उठाकर उन्होंने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि कावड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि प्रशासन उनकी मांग पर अमल करता है तो लाखों शिवभक्तों के साथ-साथ सेवा शिविर संचालकों को भी बड़ी राहत मिलेगी।
गौरतलब है कि जहीर फारूकी इससे पहले भी कावड़ यात्रा के दौरान सेवा शिविरों के संचालन, भंडारों के लिए जनसहयोग जुटाने तथा सांप्रदायिक सौहार्द का संदेश देने जैसी पहल कर चुके हैं। हाल ही में उनकी अपील पर भंडारों के लिए कुछ ही मिनटों में लाखों रुपये का सहयोग एकत्र हुआ था, जिसकी स्थानीय स्तर पर व्यापक सराहना हुई। अब बिजली आपूर्ति का मुद्दा उठाकर उन्होंने कावड़ यात्रियों और सेवा शिविर संचालकों की एक महत्वपूर्ण समस्या प्रशासन के सामने रखी है।