साहित्य

नव दलित लेखक संघ का गठन, सोच पत्रिका के संपादन व प्रकाशन का निर्धारण

दिल्ली।  मंगलवार को हिंदी दिवस के अवसर पर नदलेस अर्थात नव दलित लेखक संघ का गठन दिल्ली विश्वविद्यालय के नॉर्थ कैंपस स्थित आर्ट फैकल्टी के लॉन में किया गया। नदलेस के गठन के साथ दलित लेखक संघ की आरंभिक पत्रिका सोच (छमाही) के संपादन व प्रकाशन का निर्णय भी लिया गया। नदलेस की प्रथम कार्यकारिणी में प्रथम अध्यक्ष के तौर पर डा. अनिल कुमार तथा उपाध्यक्ष के रूप में डा. अमित धर्मसिंह का सर्वसम्मति से चुनाव हुआ। सचिव के पद पर डा. राम कैन व सहसचिव के पद पर डा. दीपा दमन वर्मा का चुनाव हुआ। कोषाध्यक्ष के पद पर बृजपाल सहज तथा प्रचार सचिव के रूप में डा. अमित कुमार का सर्वसम्मति से चुनाव हुआ। सदस्यों में डा. गीता कृष्णांगी, डा. सतेंद्र कुमार, सुशील कुमार झांझोड़ लोकेश चौहान, सुनील कुमार यादव तथा नीरज सौदाई का चुनाव हुआ। सोच पत्रिका के संपादक के रूप में डा. अमित धर्मसिंह तथा सह संपादक के रूप में डा दीपा दमन वर्मा व डा. अमित कुमार का चुनाव हुआ। सहयोगी संपादक के रूप में डा. अनिल कुमार व डा. राम कैन चुने गए। नदलेस के संरक्षक मंडल में डा. कुसुम वियोगी, डा. रामनिवास तथा पुष्पा विवेक जी का संयुक्त रूप से चयन किया गया। नदलेस के नव निर्वाचित सदस्यों व पदाधिकारियों ने निर्णय लिया कि नदलेस पूरी तरह गैर राजनीतिक संगठन रहेगा जो भारतीय संविधान तथा डा. अंबेडकर की वैचारिकी के अनुरूप साहित्यिक, सामाजिक व सांस्कृतिक आयोजन तथा रचनात्मक कार्य करेगा। नदलेस में जातीय, लैंगिक, धार्मिक, क्षेत्रीय अथवा भाषाई आदि भेदभाव नहीं बरता जायेगा। कोई भी ऐसा लेखक व चिंतक नदलेस का सदस्य बन सकेगा जो साहित्यिक व वैचारिक रूप से दलितों, वंचितों और शोषितों की आवाज बुलंद करता हो। नदलेस की प्रमुख गतिविधियों में सोच (छमाही) पत्रिका का संपादन व प्रकाशन, मासिक गोष्ठी और नव प्रकाशित पुस्तकों तथा सामयिक मुद्दों पर चर्चा परिचर्चा गोष्ठी आदि आयोजित करना होगा।

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