महिला थानाध्यक्ष की कार्यप्रणाली की शिकायत डीजीपी से,अवैध वसूली का इल्ज़ाम

बुधवार को लखनऊ पहुंचकर करेंगे महानिदेशक पुलिस से मुलाक़ात
मुजफ्फरनगर। जनपद में लोकजन शक्ति पार्टी (रामविलास) के जिलाध्यक्ष राधेश पप्पू ने महिला थाना शामली पर भ्रष्टाचार के गम्भीर आरोप लगाये। आरोप हैं की पुलिस स्वंय कथित पीडित महिला से तहरीर लिखवाकर दुष्कर्म जैसे गम्भीर आरोप लगवाती है। पप्पू ने आरोप लगाते हुये कहा स्वयं प्रत्यक्षदर्शी है जिसमे शामली की महिला थानेदार ने ऐसा किया।
थाना शामली के ऐरटी गांव की युवती द्वारा ससुराल पक्ष के विरूद्ध महिला थाने में तहरीर देकर शराब पीकर मारपीट व दुष्कर्म जैसे आरोप लगाये। जिस पर थाना प्रभारी व महिला दरोगा द्वारा दोनो पक्षों को बुलाया, पूरी सूची बनी, लड़की पक्ष द्वारा तीन लाख रूपये नकद के अलावा कोई सामान नहीं दिया। बारात का खाना आदि पर खर्च तो लड़के के माता-पिता ने चार लाख रूपये देकर समझौता करने की बात कही। आरोप था लडकी का बाप लालची किस्म का व्यक्ति हैं।पुलिस ने लड़की पक्ष को उकसाकर सात लाख रूपये से कम फैसला न करने को कहा। क्योकि पुलिस को अपना हिस्सा भी लेना था। दो-तीन तारीख लगी तो थाना प्रभारी महिला शामली द्वारा स्वंय सौदेबाजी कर कहा, लडकी वाला 6,50,000/-रूपये से कम में समझौता नहीं करेगा फैसला नही करते तो तुम्हारे विरूद्ध दुष्कर्म जैसी धाराओ में मुकदमा दर्ज करा दूंगी। हाईकोर्ट से भी जमानत नहीं मिलेगी।जिलाध्यक्ष राधेश पप्पू ने कहा कि सरकार की मंशा थी, की हर जनपद में महिला थाने बनने से नागरिको को इन्साफ मिलेगा। परन्तु प्रतीत होता है कि महिला थाने भ्रष्टाचार व उत्पीडन के अड्डे बन कर रह गये। पप्पू ने कहा की वे कल लखनऊ जाकर पुलिस महानिदेशक विजय कुमार से महिला थानो की कार्यप्रणाली से अवगत करायेंगें तथा उच्च अधिकारियों से महिला थाना प्रभारी शामली के विरूद्ध कार्यवाही की मांग करेंगें। गांव ऐरटी प्रकरण में पीडित पक्ष की निष्पक्ष जांच करवाकर इन्साफ दिलाने की मांग करेगें।




